चंदौली। जनहित के छह प्रमुख मुद्दों को लेकर शुक्रवार (19 जून) को समाजवादी पार्टी (सपा) द्वारा चंदौली जिला मुख्यालय के समीप बिछियां धरना स्थल पर किया गया विशाल धरना-प्रदर्शन शनिवार को पुलिस कार्रवाई में बदल गया। प्रदर्शन के दौरान डीएम कार्यालय में ज्ञापन सौंपने जाते समय पुलिस के साथ हुई धक्का-मुक्की के मामले में पूर्व विधायक मनोज सिंह ‘डब्लू’ समेत 9 नामजद और करीब 250 अज्ञात कार्यकर्ताओं के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।
धरने की पृष्ठभूमि
समाजवादी पार्टी ने छह सूत्री मांगों पर जोरदार हल्लाबोल किया। पूर्व सैयदराजा विधायक मनोज सिंह डब्लू के नेतृत्व में हजारों किसान, कार्यकर्ता और स्थानीय लोग धरने में शामिल हुए। मुख्य मांगें थीं:
– स्मार्ट मीटर लगाने पर तुरंत रोक लगाई जाए और भारी बिजली बिलों में राहत दी जाए।
– किसानों के लिए नहरों में पर्याप्त पानी छोड़ा जाए।
– गंगा कटान को रोकने के प्रभावी उपाय किए जाएं।
– जल जीवन मिशन कर्मियों के भुगतान और शोषण की समाप्ति।
– सिंचाई व्यवस्था सुधार और अन्य स्थानीय जन समस्याओं (बिजली कटौती, योजनाओं में भ्रष्टाचार आदि) का समाधान।
सपा नेताओं ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार में जनता त्राहि-त्राहि कर रही है और क्षेत्रीय जनप्रतिनिधि जन समस्याओं की अनदेखी कर रहे हैं। धरने के दौरान पूर्व सपा सांसद रामकिशुन यादव सहित कई नेताओं ने भी सरकार की नीतियों की आलोचना की और चेतावनी दी कि मांगें पूरी न होने पर बड़ा आंदोलन किया जाएगा।
प्रदर्शन के दौरान तनाव
धरना शांतिपूर्ण ढंग से शुरू हुआ था। लेकिन जब सपा कार्यकर्ता डीएम कार्यालय में ज्ञापन देने जा रहे थे, तब पुलिस ने उन्हें रोकने की कोशिश की। इस दौरान धक्का-मुक्की और हंगामा हो गया। सपा कार्यकर्ताओं का आरोप है कि पुलिस ने बिना वजह लाठीचार्ज किया और प्रदर्शनकारियों को रोका गया, जबकि प्रशासन का कहना है कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए जरूरी कदम उठाए गए।
घटना की सूचना पर शनिवार को चंदौली पुलिस ने पूर्व विधायक मनोज सिंह डब्लू सहित 9 नामजद लोगों और करीब 250 अज्ञात कार्यकर्ताओं के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। धाराओं में दंगा, सरकारी काम में बाधा डालने और अन्य संबंधित धाराएं शामिल बताई जा रही हैं।
सपा नेताओं ने इसे “दमनकारी रवैया” बताया है और कहा है कि जन समस्याओं को उठाने पर विपक्षी आवाज को कुचला जा रहा है। वहीं प्रशासन ने शांति बनाए रखने की अपील की है।
सियासी प्रतिक्रिया
यह घटना चंदौली में सपा की सक्रियता को दर्शाती है। पूर्व विधायक मनोज सिंह डब्लू लगातार स्थानीय मुद्दों (बिजली, पानी, सड़क, किसान समस्याएं) पर सक्रिय रहते हैं। विपक्ष इसे सरकार के खिलाफ जन आंदोलन का रूप मान रहा है, जबकि सत्ताधारी दल इसे कानून व्यवस्था का मामला बता रहा है।
स्थानीय स्तर पर इस घटना से सियासी तापमान बढ़ गया है।

