मुख्यमंत्री से मुलाकात के बाद खुला विकास का रास्ता! 24 करोड़ से अधिक की सड़क परियोजना को मिली रफ्तार…बरसात के बाद बदलेगी प्रतापपुर की तस्वीर!
चंद्रिका कुशवाहा,सूरजपुर
प्रतापपुर विधानसभा क्षेत्र में विकास कार्यों की नई इबारत लिख रही विधायक शकुंतला सिंह पोर्ते के अथक प्रयासों का एक और बड़ा परिणाम सामने आया है। वर्षों से बदहाल पड़ी अंबिकापुर–प्रतापपुर मुख्य सड़क के मजबूतीकरण एवं चौड़ीकरण का बहुप्रतीक्षित कार्य अब धरातल पर उतरने जा रहा है। लगभग 42 किलोमीटर लंबी इस सड़क के निर्माण के लिए 24 करोड़ 58 लाख 78 हजार रुपये की प्रशासकीय स्वीकृति राज्य शासन द्वारा पहले ही प्रदान की जा चुकी है, जबकि अब लोक निर्माण विभाग ने विधिवत कार्यादेश जारी कर निर्माण एजेंसी को कार्य प्रारंभ करने के निर्देश भी दे दिए हैं।
यह वही सड़क है जहां प्रतिदिन हजारों लोग आवागमन करते हैं। महान-3 कोयला खदान क्षेत्र से भारी वाहनों के लगातार संचालन के कारण सड़क पूरी तरह जर्जर हो चुकी थी। बरसात के दिनों में सड़क कीचड़ में तब्दील हो जाती थी, जिससे आम लोगों, मरीजों, विद्यार्थियों और व्यापारियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता था। क्षेत्रवासियों की वर्षों पुरानी इस समस्या को विधायक शकुंतला सिंह ने गंभीरता से लिया और लगातार मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय तथा लोक निर्माण विभाग के मंत्री से मुलाकात कर इस सड़क के लिए स्वीकृति दिलाने का प्रयास किया।
विधायक के लगातार प्रयासों का ही परिणाम है कि छत्तीसगढ़ शासन, लोक निर्माण विभाग मंत्रालय, महानदी भवन नवा रायपुर द्वारा 7 नवंबर 2025 को इस सड़क के मजबूतीकरण एवं चौड़ीकरण कार्य के लिए ₹2458.78 लाख की प्रशासकीय स्वीकृति जारी की गई। शासन ने स्पष्ट निर्देश दिए कि कार्य पूरी गुणवत्ता, पारदर्शिता और तकनीकी मानकों के अनुरूप कराया जाए तथा निर्माण सामग्री की गुणवत्ता से किसी प्रकार का समझौता न हो।
इसके बाद लोक निर्माण विभाग (भवन एवं सड़क) संभाग अंबिकापुर के कार्यपालन अभियंता कार्यालय द्वारा 8 जून 2026 को कार्यादेश जारी कर चंद्रा कंस्ट्रक्शन को निर्माण कार्य प्रारंभ करने के निर्देश दिए गए। अनुबंध के अनुसार लगभग ₹2140.76 लाख के अनुबंध मूल्य पर यह कार्य छह माह की अवधि में, वर्षा ऋतु को शामिल करते हुए पूरा किया जाना है। कार्य में सड़क का मजबूतीकरण, चौड़ीकरण, मोटी कंक्रीट परत तथा आवश्यक डामरीकरण किया जाएगा, जिससे सड़क लंबे समय तक टिकाऊ और सुरक्षित बनी रहे।
हालांकि वर्तमान में मानसून के कारण निर्माण कार्य प्रारंभ नहीं हो सका है, लेकिन विभाग ने संपूर्ण कार्य योजना तैयार कर ली है। बारिश समाप्त होते ही अगस्त अथवा सितंबर माह से युद्धस्तर पर निर्माण कार्य शुरू होने की संभावना है।
विधायक शकुंतला सिंह पोर्ते ने कहा कि प्रतापपुर विधानसभा क्षेत्र का विकास ही उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने बताया कि यह सड़क केवल एक मार्ग नहीं बल्कि क्षेत्र की जीवनरेखा है, जहां से प्रतिदिन हजारों लोगों का आवागमन होता है। उन्होंने महान-3 कोयला खदान क्षेत्र में संचालित एसईसीएल अधिकारियों से भी कई बार चर्चा कर सड़क की नियमित मरम्मत, सफाई और धूल नियंत्रण के लिए आवश्यक निर्देश दिए हैं।
उन्होंने कहा कि क्षेत्र की जनता ने उन्हें विकास के लिए चुना है और वे उसी विश्वास को निभाने के लिए लगातार प्रयासरत हैं। सड़क, पुल, भवन, शिक्षा, स्वास्थ्य और पेयजल जैसी मूलभूत सुविधाओं के विकास के लिए शासन स्तर पर निरंतर पहल की जा रही है।
राजनीतिक विश्लेषकों और क्षेत्रवासियों का भी मानना है कि प्रतापपुर विधानसभा में जिस गति से करोड़ों रुपये के विकास कार्य स्वीकृत हो रहे हैं, वह पिछले कई वर्षों में देखने को नहीं मिला। अनेक परियोजनाएं पूरी हो चुकी हैं, जबकि कई बड़े कार्य निर्माणाधीन हैं। सड़क, पुल, शासकीय भवन, सिंचाई और अन्य आधारभूत सुविधाओं के क्षेत्र में लगातार मिल रही स्वीकृतियों ने प्रतापपुर को विकास की नई दिशा दी है।
क्षेत्र के लोगों का कहना है कि विधायक शकुंतला सिंह पोर्ते ने विकास को केवल घोषणा तक सीमित नहीं रखा बल्कि योजनाओं को धरातल पर उतारने के लिए लगातार मंत्रालय स्तर तक प्रयास किए। यही कारण है कि आज प्रतापपुर विधानसभा क्षेत्र में करोड़ों रुपये के विकास कार्य दिखाई दे रहे हैं। आने वाले महीनों में अंबिकापुर–प्रतापपुर मुख्य सड़क का निर्माण पूरा होने के बाद न केवल आवागमन सुगम होगा, बल्कि व्यापार, शिक्षा, स्वास्थ्य और क्षेत्रीय आर्थिक गतिविधियों को भी नई गति मिलेगी। यह परियोजना प्रतापपुर विधानसभा के विकास में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर साबित होने की उम्मीद है।

